आज का पंचांग 25 फरवरी 2026: बुधवार अष्टमी और रोहिणी नक्षत्र का दुर्लभ संयोग
आज का पंचांग: 25 फरवरी 2026, बुधवार | दिल्ली सूर्योदय, राहुकाल और बुध-अष्टमी विशेष
25 फरवरी 2026 को फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है। बुधवार का दिन भगवान श्री गणेश और बुध देव को समर्पित है। आज चंद्रमा का प्रिय रोहिणी नक्षत्र है, जो शुभ कार्यों के लिए अत्यंत फलदायी माना जाता है।
📅 दिल्ली पंचांग: 25 फरवरी 2026 (बुधवार)
✅ शुभ मुहूर्त (Delhi Shubh Muhurat)
- अभिजीत मुहूर्त: (आज बुधवार होने और कुछ गणनाओं के कारण दोपहर 12:11 से 12:57 तक रहेगा, लेकिन बुधवार को विशेष सावधानी रखें)
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 05:10 से 06:00 तक
- अमृत काल: रात 04:15 से 06:01 तक (26 फरवरी की सुबह)
- विजय मुहूर्त: दोपहर 02:30 से 03:15 तक
🚫 अशुभ समय (Avoid this time)
- राहुकाल: दोपहर 12:35 से 02:00 तक (बुधवार का राहुकाल विशेष प्रभावशाली होता है, नए काम टालें)
- गुलिक काल: सुबह 11:09 से दोपहर 12:35 तक
🌸 धार्मिक महत्व: बुध-अष्टमी और रोहिणी नक्षत्र
आज का दिन "बुध-अष्टमी" के रूप में मनाया जाता है। शास्त्रों के अनुसार, जब बुधवार के दिन अष्टमी तिथि पड़ती है, तो वह व्रत और पूजा के लिए अक्षय फल देने वाली बन जाती है। साथ ही रोहिणी नक्षत्र का होना सुख-समृद्धि और मानसिक शांति प्रदान करता है।
विशेष उपाय (Remedies for Namah Yatra Readers):
- गणेश पूजन: आज के दिन भगवान गणेश को 21 दूर्वा (हरी घास) की गांठें अर्पित करें। इससे बुद्धि तीव्र होती है और व्यापार में लाभ मिलता है।
- हरे मूंग का दान: बुधवार के दिन हरी मूंग की दाल का दान करना बुध ग्रह को मजबूत करता है।
- गौ सेवा: आज गाय को हरा चारा खिलाना अत्यंत पुण्यदायी माना गया है, इससे पारिवारिक क्लेश दूर होते हैं।
❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
1. 25 फरवरी 2026 को कौन सा व्रत है?
आज फाल्गुन शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है, जिसे 'बुध-अष्टमी' व्रत के रूप में मनाया जाता है।
2. रोहिणी नक्षत्र का क्या महत्व है?
रोहिणी नक्षत्र के स्वामी चंद्रमा हैं और इसके देवता प्रजापति ब्रह्मा हैं। इस नक्षत्र में शुरू किए गए कार्य स्थिर और लंबे समय तक फल देने वाले होते हैं।
3. आज का राहुकाल कब है?
दिल्ली के पंचांग के अनुसार, आज का राहुकाल दोपहर 12:35 PM से 02:00 PM तक रहेगा।
